Last Updated:
महान गायिका आशा भोसले ने एक बार अपनी पहली शादी के कठिन अनुभवों पर खुलकर बात करते हुए बताया था कि उनका वैवाहिक जीवन अपमान और भावनात्मक तनाव से भरा था. मात्र 16 वर्ष की उम्र में उन्होंने परिवार की इच्छा के खिलाफ जाकर गणपत राव भोसले से शादी की थी, लेकिन यह रिश्ता जल्द ही दर्दनाक बन गया. आशा ने खुलासा किया था कि तीसरे बच्चे की गर्भावस्था के दौरान उन्हें घर छोड़ने के लिए कहा गया, जिसके बाद वह बच्चों के साथ मायके लौट आईं. इन संघर्षों के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और खुद को संभालते हुए भारतीय संगीत जगत की सबसे प्रतिष्ठित आवाज़ों में शुमार हुईं. आखिरकार उनकी जिंदगी में खुशियों ने दोबारा दस्तक दी, लेकिन वो टिक नहीं पाईं.

आशा भोसले का निधन हो गया.
नई दिल्ली. महान गायिका आशा भोसले का 92 की उम्र में निधन हो गया. बीते शनिवार को तबीयत बिगड़ने के बाद आशा भोसले को मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था. आशा ताई के निधन से म्यूजिक और फिल्म इंडस्ट्री में मातम छा गया है. आशा भोसले करोड़ों फैंस की आंखें नमकर इस दुनिया को हमेशा के लिए अलविदा कह गई हैं, लेकिन उनकी यादें और उनकी आवाज हमेशा गूंजती रहेगी. आशा भोसले को संगीत अपने परिवार से विरासत में मिला था. उन्होंने 10 साल की उम्र में संगीत का सफर शुरू किया था जो अब आखिरी सांस के साथ थम गया है.
आशा भोसले ने अपने 7 दशक लंबे करियर के दौरान कई रिकॉर्ड्स बनाए और खूब प्रसिद्धि हासिल की, लेकिन उनकी निजी जिंदगी काफी उतार-चढ़ाव भरी रही. गायिका ने 16 साल की उम्र में अपने परिवार के खिलाफ जाकर 16 साल बड़े शख्स से शादी की थी. उनका परिवार उनके इस रिश्ते के सख्त खिलाफ था जिसकी वजह से उनकी बहनों के साथ उनका रिश्ता टूट गया था.
16 साल की उम्र में परिवार के खिलाफ जा कर ली थी शादी
अपनी असाधारण सफलता के पीछे छिपे कठिन दौर के बारे में आशा भोसले ने एक इंटरव्यू में खुलकर बात की थी, जहां उन्होंने अपनी पहली शादी को बेहद पीड़ादायक अनुभव बताया था. उन्होंने कहा था कि उनका परिवार उस रिश्ते के खिलाफ था लेकिन फिर भी उन्होंने सबके खिलाफ जाकर शादी कर ली थी. आशा भोसले ने 16 साल की उम्र में 16 साल बड़े गणपत राव से शादी की थी, लेकिन ये रिश्ता 14 साल बाद ही टूट गया था.
पति के हाथों झेली मार-पीट
इस शादी से दिग्गज गायिका के 3 बच्चे थे. आशा भोसले जब अपने तीसरे बच्चे के साथ प्रेग्नेंट थी, उस वक्त उनके सब्र का बांध टूट गया था. उन्होंने अपने पुराने इंटरव्यू में बताया था कि उनकी पहली शादी ने उन्हें सिर्फ दर्द और तकलीफ दी थी. उनके पहले पति और ससुरालवाले उन्हें मारा-पाटी करते थे. तीसरी बार जब वो मां बनने वाली थीं तो उनके साथ मारपीट की गई औऱ आखिरकार तंग आकर आशा भोसले ने अपने बच्चों की खातिर अपना ससुराल छोड़ दिया था.
आशा भोसले ने अकेले की थी तीन बच्चों की परवरिश
इस दर्दनाक अनुभव के बावजूद आशा भोसले ने कभी कटुता नहीं दिखाई. उन्होंने कहा था कि उन्होंने अतीत की कड़वाहट को पीछे छोड़कर अपना पूरा ध्यान बच्चों की परवरिश और करियर बनाने पर लगाया. यही संघर्ष आगे चलकर उनके जीवन का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ.तीन बच्चों की अकेली मां के रूप में उन्होंने अपने संघर्ष को कमजोरी नहीं, बल्कि ताकत बनाया और पूरी शिद्दत से संगीत को अपना जीवन समर्पित कर दिया. अपनी मेहनत, प्रतिभा और समर्पण के दम पर वह भारतीय सिनेमा की सबसे प्रतिष्ठित पार्श्व गायिकाओं में शामिल हुईं.
आर डी बर्मन में फिर मिला प्यार
पहली शादी का दर्दनाक अंत होने के बाद आशा भोसले करीब 20 साल तक अकेले रहीं. उन्होंने अकेले ही अपने बच्चों की परवरिश की. 2 दशक तक तन्हा जिंदगी गुजारने के बाद आशा ताई जिंदगी में आर डी बर्मन के रूप में प्यार ने दोबारा दस्तक दी. लेकिन उनकी खुशियां ज्यादा दिन नहीं टिक पाई थीं. शादी के 14 साल बाद ही आर डी बर्मन का निधन हो गया था.
About the Author
प्रांजुल सिंह 3.5 साल से न्यूज18 हिंदी से जुड़ी हुई हैं. उन्होंने Manorama School Of Communication (MASCOM) से जर्नलिज्म और मास कम्यूनिकेशन में डिप्लोमा किया है. वो 2.5 साल से एंटरटेनमेंट डेस्क पर काम कर रही है…और पढ़ें
Leave a Reply